हरियाणा विधान सभा चुनाव 2019 के लिए स्वराज इंडिया ने किया अपना “ईमान पत्र” जारी,

0
44
चंडीगढ़.06 अक्टूबर : • प्रदेश के 20 लाख बेरोजगारों को रोजगार देने के लिए हर वर्ष 20 हजार करोड़ रुपए अतिरिक्त खर्च का प्रस्ताव• संपूर्ण रोजगार के लिए सात नए मिशन की घोषणा, रोजगार के साथ साथ प्रदेश की शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण का भी कायापल, 3 से 8 साल तक के बच्चों की शिक्षा की बुनियाद मजबूत करने के मिशन के माध्यम से 73000 नौकरियां
• प्रदेश के अस्पतालों में पचास हजार डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को नौकरी • हरियाणा के सभी 15 हजार तालाब जौहड़ों की सफाई, वृक्षारोपण और जल संरक्षण के अभियान के माध्यम से 5 लाख परिवारों को रोजगार मिलेगा
• किसान को फसल का दाम मिलेगा और सर से कर्ज उतरेगा तो हर साल खेती से 90 हजार लोगों का पलायन रुकेगा • मनरेगा की तरह शहरी रोजगार गारंटी योजना के तहत 2 लाख व्यक्तियों को साल में 100 दिन ₹500 प्रतिदिन का रोजगार दिलाया जाएगा
• हरियाणा के नागरिक को नई नौकरी देने पर सरकार 2 साल तक उसकी तनख्वाह में सब्सिडी देगी
• इन सब योजनाओं को लागू करने के लिए सरकार बचत और अपने पुराने बकाया वसूलने के साथ-साथ वेकेंट लैंड टैक्स और बड़े शहरी प्लॉट पर अतिरिक्त टैक्स लगेगा, माइनिंग में भ्रष्टाचार रुकेगा
  विधान सभा चुनाव 2019 के लिए स्वराज इंडिया का  “ईमान पत्र” यानी स्वराज इंडिया का विश्वास/आस्था अभिव्यक्ति पत्र सबसे पहले जारी करते हुए योगेन्द्र यादव (राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वराज इंडिया) ने कहा कि ईमान पत्र के माध्यम से आज पेश किए  इस हरियाणा मॉडल में अगले पांच साल में पूर्ण रोजगार के लिए जीवन के सात आयाम के सात मिशन चलाये जायेंगे :
• पढ़ाई (शिक्षा) के लिए मिशन “आरम्भ”
• दवाई (सेहत ) के लिए मिशन “कायाकल्प”
• उगाई (खेती) के लिए मिशन “अन्नदाता”
• सिंचाई (पर्यावरण) के लिए मिशन “जल-जंगल”
• सफाई (नागरिक सुविधा) के लिए मिशन “नगर स्वराज”
• कमाई (अर्थव्यवस्था) के लिए मिशन “हर हाथ को काम”
• बंटाई (राजस्व) के लिए मिशन “योगदान”
  राजीव गोदारा (अध्यक्ष स्वराज इंडिया, हरियाणा) ने कहा कि इस चुनाव में स्वराज इंडिया ने अपनी सीमित संसाधनों के बावजूद राजनीति का एजेंडा सेट किया है। स्वराज इंडिया ने सबसे पहले अपने उम्मीदवारों की घोषणा की स्वराज इंडिया ने प्रदेश में बेरोजगारी और किसान की लूट का मुद्दा उठाया और अब स्वराज इंडिया एक विरोध के साथ-साथ विकल्प भी पेश कर रहा है। उन्होंने कहा कि :
• पहली बार कोई पार्टी चुनाव में सिर्फ वादों या घोषणाओं की लिस्ट नहीं, बल्कि एक समग्र कार्ययोजना पेश कर रही है।
• पहली बार हरियाणा के सामने सिर्फ पैसे फेंक कर वोट खरीदने वाले वादों की बजाय भविष्य निर्माण की योजना पेश की जा रही है।
• पहली बार कोई पार्टी अपनी योजना का पूरा ब्यौरा पेश कर रही है, बता रही है कि इसे कैसे लागू किया जायेगा, इससे पांच साल में क्या हासिल होगा।
• पहली बार एक चुनावी दस्तावेज़ में ईमानदारी से बताया जा रहा है कि किस प्रस्ताव में कितना खर्च होगा, ये पैसा कहाँ से आएगा।
• पहली बार हरियाणा में गुजरात या दिल्ली या सिंगापुर मॉडल की जगह हरियाणा मॉडल पेश किया जा रहा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here